इस साल गर्मी के मौसम से न्यूयॉर्क में खटमलों ने आतंक मचा रखा है और इसकी वजह से नाइकी और ब्लूमिंगडेल्स को अपने स्टोर तक बंद करने पड़े. आलम यह है कि पॉश वाल्दोर्फ एस्टोरिया होटल में खटमलों के कारण मेहमानों की भी नाक में दम हो गया है.
होटल के प्रबंधन ने हालांकि मेहमानों के कमरे में खटमल होने से इंकार किया है. फ्लोरिडा की एक महिला ने न्यूयॉर्क पोस्ट को बताया कि खटमलों ने उन्हें इतनी बुरी तरह काटा कि उन्हें 330 अमेरिकी डॉलर वाले कमरे से 700 अमेरिकी डॉलर वाले लक्जरी कमरे में भेजा गया.
महिला ने कहा कि खटमलों के हमले से उन्हें चकत्ते हो गए और उन्हें एक हफ्ते तक दवाइयां खानी पड़ी.
विक्टोरियाज सीक्रेट्स और एबेरकोम्बी एंड फिच की इमारतों सहित शहर के घरों, अपार्टमेंट और कार्यालयों में खटमलों की मौजूदगी है.
सर्वेक्षणों के मुताबिक, अमेरिका के कई शहरों में खटमलों की संख्या इन दिनों काफी बढ़ गई है लेकिन न्यूयॉर्क खटमलों से सबसे ज्यादा परेशान है. एंपायर स्टेट बिल्डिंग के बेसमेंट में भी ये खटमल घुस गए हैं.
Jara Hut ke Bhai
Tuesday, October 12, 2010
जैक्सन का बास्केटबॉल लाखों में हुआ नीलाम
‘किंग ऑफ पॉप’ माइकल जैक्सन का एक बास्केटबॉल 2,45,000 अमेरिकी डॉलर में नीलाम हुआ है.
कॉन्टैक्ट म्यूजिक के मुताबिक, इस बॉल पर जैक्सन का आटोग्राफ भी है. पहले अनुमान लगाया जा रहा था कि इसके लिए 600 अमेरिकी डॉलर तक की बोली लगेगी.
चीन के मकाउ में इस हफ्ते के अंत में हुई इस नीलामी में 435 सेलिब्रिटी वस्तुओं के लिए बोली लगाई गई जिसमें माइकल जैक्सन से जुड़ी 100 वस्तुएं शामिल थी. नीलामी से 32 लाख अमेरिकी डॉलर की कमाई हुई.
बास्केटबॉल को इंटरनेट के एक अज्ञात व्यक्ति ने खरीदा.
कॉन्टैक्ट म्यूजिक के मुताबिक, इस बॉल पर जैक्सन का आटोग्राफ भी है. पहले अनुमान लगाया जा रहा था कि इसके लिए 600 अमेरिकी डॉलर तक की बोली लगेगी.
चीन के मकाउ में इस हफ्ते के अंत में हुई इस नीलामी में 435 सेलिब्रिटी वस्तुओं के लिए बोली लगाई गई जिसमें माइकल जैक्सन से जुड़ी 100 वस्तुएं शामिल थी. नीलामी से 32 लाख अमेरिकी डॉलर की कमाई हुई.
बास्केटबॉल को इंटरनेट के एक अज्ञात व्यक्ति ने खरीदा.
क्या सिगरेट पीकर पाई चिपेंजी ने लंबी उम्र?
जोहांसबर्ग। दक्षिण अफ्रीका के विशेषज्ञ आजकल यही गुत्थी सुलझाने में लगे हैं। दरअसल यहां के चिडि़याघर में एक चिपेंजी सिगरेट पीते-पीते 52 साल तक जी गया, जो कि इस जानवर की सामान्य उम्र से करीब दस साल ज्यादा है।
हाल ही में इस चिपेंजी की मौत हुई है। उसकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट आना बाकी है। इसके बाद चिपेंजी की लंबी उम्र का राज खुल सकता है। चार्ली नाम के इस चिपेंजी को चिडि़याघर में आने वाले दर्शकों ने सिगरेट पीना सिखाया था। इसके बाद चार्ली की पूरी दुनिया में चर्चा होने लगी।
चिडि़याघर के वरिष्ठ अधिकारी डेरल बार्नस ने कहा, अपने पिंजरे के बाहर लोगों को सिगरेट पीता देख उसने भी एक सिगरेट मांगी। एक दर्शक ने जैसे ही उसकी ओर सिगरेट फेंकी, उसने उठाकर कश लगाना शुरू कर दिया।
ब्लोमफोंटेन के मांगुआंग चिडि़याघर की कर्मचारी कोंडली खेडम ने बताया कि हम लोगों ने चार्ली की यह आदत छुड़ाने की लाख कोशिश की, लेकिन दर्शक अक्सर सिगरेट जलाकर उसके पिंजरे में डाल देते थे। उन्होंने बताया कि मरने से पहले चार्ली की विशेष देखभाल की जा रही थी। उसे प्रोटीन, विटामिन और मिनरल तत्वों से युक्त भोजन दिया जाता था। उनका कहना है कि चार्ली को उसकी धूम्रपान की आदत के लिए सबसे ज्यादा जाना जाता है।
उसके पोस्टमार्टम की प्रक्रिया चल रही है। इससे यह पता लग जाएगा कि चार्ली की उम्र बढ़ाने में क्या सिगरेट का कोई योगदान था?
हाल ही में इस चिपेंजी की मौत हुई है। उसकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट आना बाकी है। इसके बाद चिपेंजी की लंबी उम्र का राज खुल सकता है। चार्ली नाम के इस चिपेंजी को चिडि़याघर में आने वाले दर्शकों ने सिगरेट पीना सिखाया था। इसके बाद चार्ली की पूरी दुनिया में चर्चा होने लगी।
चिडि़याघर के वरिष्ठ अधिकारी डेरल बार्नस ने कहा, अपने पिंजरे के बाहर लोगों को सिगरेट पीता देख उसने भी एक सिगरेट मांगी। एक दर्शक ने जैसे ही उसकी ओर सिगरेट फेंकी, उसने उठाकर कश लगाना शुरू कर दिया।
ब्लोमफोंटेन के मांगुआंग चिडि़याघर की कर्मचारी कोंडली खेडम ने बताया कि हम लोगों ने चार्ली की यह आदत छुड़ाने की लाख कोशिश की, लेकिन दर्शक अक्सर सिगरेट जलाकर उसके पिंजरे में डाल देते थे। उन्होंने बताया कि मरने से पहले चार्ली की विशेष देखभाल की जा रही थी। उसे प्रोटीन, विटामिन और मिनरल तत्वों से युक्त भोजन दिया जाता था। उनका कहना है कि चार्ली को उसकी धूम्रपान की आदत के लिए सबसे ज्यादा जाना जाता है।
उसके पोस्टमार्टम की प्रक्रिया चल रही है। इससे यह पता लग जाएगा कि चार्ली की उम्र बढ़ाने में क्या सिगरेट का कोई योगदान था?
श्रीलंका में बनी दुनिया का सबसे बड़ी केतली
कोलंबो। दुनिया के सबसे बड़े चाय उत्पादक देशों में से एक श्रीलंका में दुनिया की सबसे बड़ी केतली बनाई है। इसमें 32 हजार सामान्य कपों के बराबर चाय बनाई जा सकती है। गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड ने इसे आधिकारिक तौर पर दुनिया का सबसे बड़ी केतली घोषित किया है। यह केतली पिछले साल अमेरिका में बनी विशालकाय केतली के मुकाबले आकार में तीन गुना बड़ी है। लाल रंग के इस केतली में चाय बनाने के लिए एक बार में साढ़े चार हजार लीटर पानी, 64 किलो चाय की पत्ती, 875 किलो दूध का पाउडर और 160 किलो चीनी का इस्तेमाल किया गया। इस केतली में चाय बनने में कई घंटे का समय लगा। बाद में इस चाय को प्लास्टिक के सामान्य कपों में श्रीलंका की राजधानी कोलंबो के लोगों में बांट दिया गया। बीबीसी की खबर के मुताबिक, इस केतली में चाय बनाने के लिए ताजी चाय की पत्ती श्रीलंका के विख्यात चाय बागानों से मंगाई गई थी। केतली में पाइप की मदद से पानी भरा गया। फिर बाकी सामग्री को मिलाकर चाय तैयार की गई।
जब आदमी ने काटा कुत्ते को..
वाशिंगटन। जब कुत्ता इंसान को काटता है तो खबर नहीं बनती, लेकिन अगर इंसान कुत्ते को काट ले तो खबर बनती है। ऐसा ही एक वाक्या हुआ अमेरिका में, जहां एक युवक पुलिस अधिकारी के कुत्ते को काट कर सुर्खियों में छाया है।
स्थानीय पुलिस ने बताया, कनेक्टिकट के वेस्ट हेवेन में 23 वर्षीय रॉड्रिक लेविस का एक पुलिस अधिकारी के साथ झगड़ा हो रहा था। उसी दौरान पुलिस के कुत्ते ने उसे काट लिया। यह बात लेविस को बर्दाश्त नहीं हुई और उसने कुत्ते को काट लिया।
पुलिस के अनुसार, लुईस ने अधिकारी के मुंह पर मुक्का मारा, जिसके बाद अधिकारी के वाहन में छिपा कुत्ता बाहर आ गया। उसने लुईस पर हमला कर दिया। कुत्ते के काटने से तिलमिलाए लुईस ने उस कुत्ते को ही काट लिया। वह तक तक कुत्ते को काटता रहा जब तक कि अधिकारी ने उसे बलपूर्वक उससे अलग नहीं किया।
युवक को पुलिस अधिकारी पर हमला करने और पशुओं के प्रति क्रूरता के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।
स्थानीय पुलिस ने बताया, कनेक्टिकट के वेस्ट हेवेन में 23 वर्षीय रॉड्रिक लेविस का एक पुलिस अधिकारी के साथ झगड़ा हो रहा था। उसी दौरान पुलिस के कुत्ते ने उसे काट लिया। यह बात लेविस को बर्दाश्त नहीं हुई और उसने कुत्ते को काट लिया।
पुलिस के अनुसार, लुईस ने अधिकारी के मुंह पर मुक्का मारा, जिसके बाद अधिकारी के वाहन में छिपा कुत्ता बाहर आ गया। उसने लुईस पर हमला कर दिया। कुत्ते के काटने से तिलमिलाए लुईस ने उस कुत्ते को ही काट लिया। वह तक तक कुत्ते को काटता रहा जब तक कि अधिकारी ने उसे बलपूर्वक उससे अलग नहीं किया।
युवक को पुलिस अधिकारी पर हमला करने और पशुओं के प्रति क्रूरता के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।
अब और नहीं, आठ बच्चे बहुत हैं
लंदन। ब्रिटेन की सबसे सफल सरोगेट मां जिल हॉकिन्स ने इस पेशे को अलविदा कह दिया है। 45 वर्षीया अविवाहित हॉकिन्स पिछले 19 साल में आठ बच्चों की सरोगेट मां बनीं।
पिछले दिनों आठवें बच्चे के जन्म के बाद उन्होंने मानसिक और शारीरिक समस्याएं शुरू होने की शिकायत की। इस साल वह ज्यादातर दिन छुट्टी पर रहीं।
आठवें बच्चे के जन्म से दो हफ्ते पहले जब हॉकिन्स अपना नियमित चेकअप कराने अस्पताल गई थी, तो डाक्टरों ने उनके गिरते स्वास्थ्य पर गहरी चिंता जाहिर की। उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा। उनका ब्लड प्रेशर बढ़ा हुआ था और बच्चे के दिल की धड़कन बहुत तेज थी। उन्हें लगातार उल्टी आ रही थी।
डॉक्टरों की देखरेख में बच्चे को जन्म देने के बाद उन्होंने कहा, पहले गर्भधारण के बाद मैं अतिशीघ्र ऑफिस जाना शुरू कर देती थी, लेकिन अब स्थितियां बदल गई हैं। मेरी मां बनने की उम्र भी खत्म हो चुकी है।
उनके मुताबिक जब वह नि:संतान दंपती की गोद में बच्चे को देखती हैं, तो गर्भावस्था की तकलीफें भूल जाती हैं। उन्होंने कहा कि गर्भवती होने ने मुझे जीवन का एक उद्देश्य दिया, लेकिन अब मुझे नया व्यवसाय तलाशना होगा।
आठों बच्चों की तस्वीरें हॉकिन्स ने अपने कमरे में लगा रखी हैं। इन बच्चों के अभिभावकों से भी वह संपर्क में हैं। उनका पहला बच्चा 18 वर्ष का है।
ब्रिटेन में सरोगेट मां बनने पर सरकार द्वारा कोई आधिकारिक रकम मिलने का प्रावधान नहीं है। जबकि सेवा लेने वालों द्वारा गर्भावस्था के दौरान होने वाली मुश्किलों के लिए न्यूनतम करीब 12 हजार पौंड (करीब साढ़े आठ लाख रुपये) खर्च महिला को दिया जाता है।
गर्भावस्था के दौरान ऑफिस से छुट्टी लेने पर हॉकिन्स को मिलने वाली तनख्वाह उनकी सेवा लेने वाले युगल प्रदान करते थे।
पिछले दिनों आठवें बच्चे के जन्म के बाद उन्होंने मानसिक और शारीरिक समस्याएं शुरू होने की शिकायत की। इस साल वह ज्यादातर दिन छुट्टी पर रहीं।
आठवें बच्चे के जन्म से दो हफ्ते पहले जब हॉकिन्स अपना नियमित चेकअप कराने अस्पताल गई थी, तो डाक्टरों ने उनके गिरते स्वास्थ्य पर गहरी चिंता जाहिर की। उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा। उनका ब्लड प्रेशर बढ़ा हुआ था और बच्चे के दिल की धड़कन बहुत तेज थी। उन्हें लगातार उल्टी आ रही थी।
डॉक्टरों की देखरेख में बच्चे को जन्म देने के बाद उन्होंने कहा, पहले गर्भधारण के बाद मैं अतिशीघ्र ऑफिस जाना शुरू कर देती थी, लेकिन अब स्थितियां बदल गई हैं। मेरी मां बनने की उम्र भी खत्म हो चुकी है।
उनके मुताबिक जब वह नि:संतान दंपती की गोद में बच्चे को देखती हैं, तो गर्भावस्था की तकलीफें भूल जाती हैं। उन्होंने कहा कि गर्भवती होने ने मुझे जीवन का एक उद्देश्य दिया, लेकिन अब मुझे नया व्यवसाय तलाशना होगा।
आठों बच्चों की तस्वीरें हॉकिन्स ने अपने कमरे में लगा रखी हैं। इन बच्चों के अभिभावकों से भी वह संपर्क में हैं। उनका पहला बच्चा 18 वर्ष का है।
ब्रिटेन में सरोगेट मां बनने पर सरकार द्वारा कोई आधिकारिक रकम मिलने का प्रावधान नहीं है। जबकि सेवा लेने वालों द्वारा गर्भावस्था के दौरान होने वाली मुश्किलों के लिए न्यूनतम करीब 12 हजार पौंड (करीब साढ़े आठ लाख रुपये) खर्च महिला को दिया जाता है।
गर्भावस्था के दौरान ऑफिस से छुट्टी लेने पर हॉकिन्स को मिलने वाली तनख्वाह उनकी सेवा लेने वाले युगल प्रदान करते थे।
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